दुनिया की सबसे महंगी कार बनाने वाली कंपनी किस देश की हैं?

सबसे महंगी गाडियां बनाने वाली कंपनियों के मालिक कौन हैं। और भारत मे इनकी कीमत कितनी है। ये जानने के लिए आप इस आर्टिकल को पूरा पढें।


Lamborghini लेम्बोर्गिनी


लेम्बोर्गिनी



लेम्बोर्गिनी का पूरा नाम आटोमोबिली लेम्बोर्गिनी एस.पी.ए. 
लेम्बोर्गिनी एक इटालियन कंपनी हैं जो सेंट अगाटा बोलोनीस के एक छोटे से शहर मे स्थित हैं। लेम्बोर्गिनी कंपनी की शुरुआत 1963 मे हुई थी। इसके संस्थापक फारुशियो लेम्बोर्गिनी थे। इस कंपनी को अब ऑडी AG  ने खरीद लिया है जो एक बडी कार निर्माता कंपनी हैं। लेम्बोर्गिनी की कारो की कीमत भारत मे लगभग 3 करोड से शुरू होकर 6.5 करोड के बीच हैं।


Ferrari फरारी


फरारी कार



फरारी भी एक इटालियन कंपनी हैं इसकी स्थापना, 1929 में स्क्यूडेरिया फेरारी (Scuderia Ferrari) के रूप में  हुई। लेकिन यह कानूनी तौर पर कारो का निर्माण 1945 करने लगी। इसके संस्थापक एंज़ो फेरारी (Enzo Ferrari) थे। यह खास तौर से रेसिंग कार का निर्माण करती हैं।  इसके वर्तमान CEO- Amedeo Felisa हैं। इसकी कारो की कीमत भारत मे करीब 3.5 करोड से लेकर 7.5 करोड रूपये हैं।


मर्सिडीज़-बेंज़


मर्सिडीज



मर्सिडीज़ जर्मन कंपनी है। मर्सिडीज लग्ज़री कार, बस, कोच और ट्रक बनाने के लिए मशहूर हैं। इसकी स्थापना  28 जून 1926 को Karl Benz और Gottlieb Daimler ने की थी। भारत मे मर्सिडीज़ के केवल 96 शोरूम 46 अलग अलग शहरों में स्थित हैं। इसकी गाडियों की कीमत भारत मे 31.72 लाख से लेकर 1.38 करोड़ तक होती हैं।


Tesla टेस्ला


टेस्ला कार



Testla अमेरिका की कंपनी हैं। शुरुआत 2003 मे हुई थी। इसके संस्थापक एलन मस्क हैं। टेस्ला इलेक्ट्रॉनिक गाडियां बनाती हैं। टेस्ला की गाडियों की कीमत भारत मे करीब 50 लाख से 2 करोड रूपये के बीच हैं।


Ford फोर्ड


फोर्ड कार



फोर्ड एक अमेरीकी कंपनी हैं। इसकी संस्थापना हेनरी फोर्ड ने 1903 मे की। इसके CEO Jim Hackett हैं। इसकी कारो की कीमत भारत मे 5.5 लाख रूपये से लेकर 35 लाख रूपये के बीच होती हैं। फोर्ड जल्द ही भारत मे मस्टैंग लेकर आने वाली हैं। जिसकी कीमत करीब 75 लाख रूपये होगी।


BMW बीएमडब्ल्यू


बीएमडब्ल्यू कार



BMW एक जर्मन कंपनी हैं। BMW की फुलफार्म बावेरियन मोटर वर्क्स हैं इसके संस्थापना फ्रांज जोसेफ पॉप, कार्ल रैप, कमिल्लो कास्टिग्लिओनी ने 1916 मे की। भारत मे BMW की सबसे सस्ती कार 37.20 लाख रूपये की है और सबसे महगी कार 2.17 करोड रूपये की है।


Volvo वोल्वो


वोल्वो कहाँ की कंपनी हैं



वोल्वो एक स्वीडन कंपनी हैं। यह लक्जरी और स्पोर्ट्स कार का निर्माण करती हैं। वोल्वो की स्थापना 14 अप्रैल 1927 को हुई। इसके संस्थापक Assar Gabrielsson और Gustav Larson हैं। वोल्वो के CEO- Martin Lundstedt हैं। इसके भारत मे केवल 17 शोरूम हैं। इसकी कारो की कीमत भारत मे 40 लाख से लेकर 1.31 करोड के बीच हैं।



Rolls Royce  रोल्स रॉयस


Rolls royce कहाँ की कंपनी हैं



रॉल्स-रॉयस एक ब्रिटिश कंपनी हैं जो लक्जरी कार बनाने के लिए मशहूर हैं। इसकी स्थापना 1904 मे चार्ल्स रॉल्स और हेनरी रॉयस ने की थी। देशभर में इसके कुल 3 शोरूम हैं। भारत मे इसकी कारो की कीमत लगभग 5.2 करोड़ से 9.5 करोड़ के बीच हैं

ये जानकारी आपको कैसी लगी हमें कमेट्स करके बताए साथ ही ऐसी रोचक जानकारी पाने के लिए आप हमारे ब्लॉग को सब्सक्राइब भी कर सकते है।

Related Posts:





Read More
अग्रेजी मे विभिन्न प्रकार के डर को क्या कहते हैं ये जानने के लिए आप इस पोस्ट को पढे और जानिए डर के अलग अलग प्रकार और उन्हें अग्रेजी मे क्या बोलते हैं। वो भी प्रश्नोत्तरी के रूप मे।

डर कितने प्रकार के होते हैं, आग्रेजी मे विभिन्न प्रकार के डर


जानिए विभिन्न प्रकार के डर को अग्रेजी मे क्या कहते हैं



Q1.इंजेक्शन से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- ट्रापानोफोबिया Tripanophobia



Q2. लडकियों से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- गायनोफोबिया (GynoPhobia)



Q3. लोगों के सामने बोलने का डर को क्या कहते हैं?
Answer- ग्लासोफोबिया


Q4. अंधेरे से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- नीक्टोफोबिया Nightophobia


Q5. सफलता से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- अचीवमेंटफोबिया Achievementphobia


Q6. ऊचाई से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- एक्रोफोबिया Acrophobia


Q7. खुली जगह से लगने वाले डर को क्या कहा जाता हैं?
Answer- एगोराफोबिया


Q8. छिपकली, मकडी जैसे छोटे कीडों से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer-.आर्कनोफोबिया   Arachnophobia



Q9. कुत्तों से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer-साइनोफोबिया Cyanophobia


Q10. बिजली चमकने के डर को क्या कहते हैं?
Answer- Astraphobia



Q11. अंजान चीज, या अंजान बात से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- पेनोफोबिया


Q12. संकरी जगह पर जाने का डर
Answer- क्लाउस्ट्रोफोबिया (
Claustrophobia)

Q13. खून देखकर लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- हीमोफोबिया


Q14. अकेले मे लगने वाला डर को क्या कहते हैं?
Answer- Autophobia



Q15. पानी से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- Hydrophobia


Q16. जानवरों से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- Zoophobia


Q17. सापों से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- Ophidiophobia



Q18. असफल होने के डर को क्या कहते हैं?
Answer- Atychiphobia


Q19. तेज गति से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- Tachophobia


Q20- नींद मे लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- Somniphobia


Q21. स्कूल जाने से लगने वाले डर को क्या कहा जाता हैं?
Answer- Scolionophobia


Q22. आग से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- Pyrophobia


Q23. प्यार मे पडने से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- Philophobia


Q24. बच्चों के डर को क्या कहते हैं?
Answer- Pedophobia


Q25. बारिश से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- Ombrophobia


Q26. अस्पताल से लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- Nosocomephobia


Q27. मृत्यु का डर या मरे हुए को देखकर लगने वाले डर को क्या कहते हैं?
Answer- Necrophobia


Q28. बडी चीजों से लगने वाला डर को क्या कहते हैं?
Answer- Megalophobia


Q29. डाक्टर से लगने वाला डर को क्या कहते हैं?
Answer- ltrophobia


Related Posts:





Read More
ये हैं दुनिया की सबसे कमजोर करेंसी:
आपने भारतीय मुद्रा रूपये से मजबूत मुद्राओं के बारे मे सुना होगा मगर आज हम आपको ऐसी मुद्राओं के बारे मे बताएगें जो भारत की मुद्रा से भी काफी कमजो हैं। ऐसी मुद्राए जो भारतीय रूपये से कमजोर है।

सबसे कमजोर करेंसी वाले देश कौनसे हैं, सबसे सस्ती मुद्रा वाले देश



वेनेजुएला
वेनेजुएला की मुद्रा का नाम- वेनेजुएला बोलिवर
मुद्रा का सूचक- VEF
1रूपये = 27051 बोलिवर

वेनेजुएला दक्षिण अमेरिका महाद्वीप का एक देश हैं। वेनेजुएला की मुद्रा बोलिवर हैं। 1980 के दशक में वेनेजुएला की अर्थव्यवस्था दक्षिण अमेरिका मे सबसे मजबूत अर्थव्यवस्था थी। वर्तमान मे वेनेजुएला की मुद्रा के मुकाबले भारत की मुद्रा बहुत ज्यादा बडी हैं। मतलब यदि आप वेनेजुएला की मुद्रा से भारत मे एक किलो चीनी खरीदने लगे तो आपको लगभग 1082000 बोलिवर चुकाने पडेगें। वेनेजुएला की राजधानी काराकास हैं इसकी साथ ही काराकास वेनेजुएला क सबसे बडा शहर भी हैं। वेनेजुएला मे स्पेनिश भाषा बोली जाती हैं।


ईरान
ईरान की मुद्रा का नाम- ईरानी रियाल
सूचक- IRR
1 रुपया = 540 ईरानी रियाल

ईरान एशिया में दक्षिण-पश्चिम खंड मे स्थित हैं। ईरान की मुद्रा ईरानी रियाल हैं। ईरानी रियाल भारतीय रूपये के मुकाबले बहुत कमजोर है। भारतीय 1 रूपये के लिए आपको लगभग 570 ईरानी रियाल चुकाने पडेगें। ईरान की राजधानी तेहरान हैं। यहां की मुख्य भाषा फा़रसी हैं। प्राकृतिक गैस के भंडारण के हिसाब से ईरान पहले स्थान पर है।


वियतनाम
मुद्रा का नाम- वियतनामी दोंग
मुद्रा का सूचक- VND

1 रूपया = 314 वियतनामी दोंग

वियतनाम दक्षिणपूर्व एशिया के हिन्दचीन प्रायद्वीप के पूर्वी भाग मे स्थित हैं। वियतनाम की मुद्रा वियतनामी दोंग हैं। भारती रूपये के मुकाबले वियतनामी दोंग कमजोर है। 1 रूपये के बराबर 314 वियतनामी दोंग होते हैं। वियतनाम की राजधानी हनोई हैं। वियतनाम का सबसे बडा शहर हो ची मिन्ह शहर हैं। यहां 85 % जनसंख्या बौद्ध धर्म से जुडे है। 


इंडोनेशिया- 
इंडोनेशिया की मुद्रा का नाम- इंडोनेशियन रूपिया
मुद्रा का सूचक- IDR
1 रूपये= 195 इंडोनेशियन रूपिया 

इंडोनेशिया दक्षिण-पूर्व एशिया और ओशिनिया मे स्थित देश हैं। इंडोनेशिया की मुद्रा इंडोनेशियन रूपिया हैं। इंडोनेशिया रूपिया की बात करे तो भारत के एक रूपये के लिए आपके पास लगभग 195 इंडोनेशियन रूपिया होने चाहिए। इंडोनेशिया के लोग अनौपचारिक रूप से रूपिया के लिए पेराक शब्द का भी इस्तेमाल करते हैं। जिसका अर्थ इंडोनेशिया मे चांदी होता हैं। इंडोनेशिया की राजधानी जकार्ता हैं। इंडोनेशिया आबादी के हिसाब से चौथा सबसे अधिक आबादी वाला देश हैं यहां की आबादी 40 करोड के आसपास हैं।


उज्बेकिस्तान
उज्बेकिस्तान की मुद्रा का नाम- उज्बेकिस्तानी सोम
मुद्रा का सूचक- UZS
1 रूपये = 143 सोम

उज्बेकिस्तान एशिया के केन्द्र में स्थित देश हैं। यह 1991 तक सोवियत संघ का घटक था। उज्बेकिस्तान की मुद्रा सोम हैं। उज्बेकिस्तान की मुद्रा भी भारत की मुद्रा के मुकाबले कमजोर हैं। 1 रूपये के लिए लगभग 143 सोम चुकाने पडेगें। उज्बेकिस्तान की राजधानी ताशकंद हैं। 



कंबोडिया
कंबोडिया की मुद्रा का नाम- कंबोडियन राइल
मुद्रा का सूचक- KHR
1 रुपये = 56 कंबोडियन राइल

कंबोडिया दक्षिण पूर्व एशिया का एक मुख्य देश हैं। कंबोडिया की मुद्रा का नाम कंबोडियन राइल हैं। कंबोडिया की अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से वस्त्र उद्योग, निर्माण उद्योग और पर्यटन पर आधारित हैं। कंबोडियन राइल भारती रूपये की तुलना में बहुत कमजोर है। यहां भारत के एक रूपये के लिए लगभग 56 कंबोडियन राइल चुकाने होगें। कंबोडिया की राजधानी नामपेन्ह हैं। यहां मुख्य रूप से खमेर भाषा बोली जाती हैं।



कोलंबिया
कोलंबिया की मुद्रा का नाम- कोलंबियन पैसों
मुद्रा का सूचक- COP
1 रूपये = 50 कोलंबियन पैसों

कोलंबिया दक्षिण अमरीका महाद्वीप में उत्तर पश्चिम मे स्थित देश हैं। कोलंबिया की मुद्रा कोलंबियन पैसों हैं। कोलंबियन पैसों भारतीय रूपये के मुकाबले कमजोर हैं। यहां 1 रूपये के लिए 50 कोलंबियन पैसों की जरूरत होगी। कोलंबिया की राजधानी बोगोटा हैं। कोलंबिया का सबसे बडा शहर भी बोगोटा हैं। कोलंबिया मे अधिकतर लोग स्पेनिश भाषा का प्रयोग करते हैं।



तंजानिया
तंजानिया की मुद्रा का नाम-  सीलिंग
मुद्रा का सूचक- TZS
1 रूपये = 31 सीलिंग

तंजानिया अफ्रीका मे बसा एक देश हैं। तंजानिया की मुद्रा सीलिंग हैं। भारती के एक रूपये के लिए तंजानिया मुद्रा के 31 सीलिंग चुकाने होगें। तंजानिया की राजधानी दादोमा हैं। तंजानिया का सबसे बडा शहर दार अस सलाम हैं।


आर्मेनिया
आर्मेनिया की मुद्रा का नाम- आर्मेनियन द्राम
मुद्रा का सुचक- AMD
1रुपये= 7.5 अरमेनियन द्राम

आर्मेनिया पश्चिम एशिया और यूरोप के काकेशस क्षैत्र मे स्थित एक पहाड़ी देश हैं। यहां की मुद्रा का नाम अर्मेनियम द्राम हैं। एक रूपये के बराबर लगभग 7.5 आर्मेनियम द्राम हैं। आर्मेनिया की राजधानी येरेवान हैं। यहां की आधिकारिक भाषा आर्मेनियम हैं। आर्मेनिया का सबसे बडा शहर येरेवान हैं।


तो ये थी ऐसी मुद्रा जो भारतीय रूपये से भी काफी कमजोर है। इनके अलावा भी मुद्राएं हैं जो रूपये की तुलना में कमजोर हैं। वैसे हर दिन मुद्रा की कीमत मे कुछ ऊतार चढाव आते रहते हैं।
आपको ये रोचक जानकारी कैसी लगी हमें कमेट्स करके जरूर बताए।
धन्यवाद
Read More
सौरमंडल सामान्य ज्ञान प्रश्नोत्तरी | सोरमंडल से जुडे कुछ महत्वपूर्ण प्रश्नो के उत्तर



सौरमंडल सामान्य ज्ञान प्रश्नोत्तरी : सोरमंडल से जुडे कुछ महत्वपूर्ण प्रश्नो के उत्तर। ये  प्रश्न अक्सर हर प्रतियोगिता परीक्षा में पूछे जाते हैं। इस लिहाज से ये प्रश्नोत्तर आपके लिए बहुत फायदेमंद साबित होगे। 


Q1.सौरमंडल किसे कहते हैं?
Ans. सूर्य के चारों ओर चक्कर लगाने वाले ग्रहों शुद्र ग्रहों उपग्रह उल्का तथा अन्य आकाशीय पिंडों के समूह या परिवार को सौरमंडल कहते हैं।


Q2. सौरमंडल का सबसे बडा ग्रह कौन सा हैं?
Ans. बृहस्पति


Q3. सौरमंडल का सबसे छोटा ग्रह कौन सा हैं?
Ans. बुद्ध


Q4. सौरमंडल का सबसे ठंडा ग्रह कौन सा हैं?
Ans. वरुण


Q5. सौरमंडल का सबसे गर्म ग्रह कौनसा है?
Ans. शुक्र


Q6. सौरमंडल का सबसे तेज गति से घुमता हुआ ग्रह कौनसा है?
Ans. बृहस्पति


Q7. सूर्य के निकटतम दूरी पर स्थित ग्रह कौन सा हैं?
Ans. बुध


Q8. सूर्य से सबसे दूरी पर स्थित ग्रह कौनसा है?
Ans. वरुण


Q9. पृथ्वी के निकटतम दूरी पर स्थित ग्रह कौन सा हैं?
Ans. शुक्र


Q10. सबसे ज्यादा उपग्रह वाला ग्रह कौन सा हैं?
Ans. बृहस्पति


Q11. सबसे अधिक चमकीला ग्रह कौन सा हैं?
Ans. शुक्र


Q12. चमकीला तारा किसे कहा जाता हैं?
Ans. साइरस


Q13. रात्रि में दिखाई देने वाला ग्रह
And. मंगल


Q14. सबसे भारी ग्रह कौन सा हैं?
Ans. बृहस्पति


Q15. सबसे भारी उपग्रह कौनसा है?
Ans. गनिमेड


Q16. सबसे छोटा उपग्रह कौनसा है?
Ans. डिमोस


Q17. भोर का तारा किस ग्रह को कहते हैं?
Ans. शुक्र


Q18. साझ का तारा किस ग्रह को कहते हैं?
Ans. शुक्र


Q19. लाल ग्रह किस ग्रह को कहते हैं?
Ans. मंगल ग्रह को।


Q20. नीला ग्रह किस ग्रह को कहते हैं?
Ans. पृथ्वी को


Q21. हमारी पृथ्वी को नीला ग्रह क्यों कहते हैं?
Ans. पृथ्वी पर जल की उपस्थित के कारण नीले रंग की प्रतित होती जिसके कारण पृथ्वी को नीला ग्रह भी कहते हैं।


Q22. पृथ्वी की बहन किस ग्रह को कहते हैं?
Ans. शुक्र ग्रह को।


Q23. पृथ्वी का उपग्रह हैं
Ans. चंद्रमा


Q24. पृथ्वी का औसत घनत्व कितना है?
Ans. 5.52ग्राम/घन सेमी.


Q25. पृथ्वी का जलीय क्षेत्रफल कितना है?
Ans. लगभग 71%


Q26. पृथ्वी का विषुवतरेखीय व्यास कितना है?
Ans. 12756 किलोमीटर


Q27. पृथ्वी का ध्रुवीय व्यास कितना है?
Ans. 12714 किलोमीटर


Q28. सूर्य से पृथ्वी की दूरी कितनी हैं?
Ans. 149.8 मिलियन किलोमीटर


Q29. सूर्य पर उपस्थित रासायनिक पदार्थ का संघटन
Ans. हीलियम-26.5%
     हाइड्रोजन-71%
     अन्य- 2.5%


Q30. सूर्य के प्रकाश को पृथ्वी पर आने मे कितना समय लगता हैं?
Ans. 8 मिनट 16.5 सेकंड


Q31. पृथ्वी की तुलना में सूर्य का आयतन कितना है?
Ans. पृथ्वी से 13 लाख गुणा ज्यादा


Q32. सूर्य की प्रकाश गति कितनी है?
Ans. 3×10^8 किलोमीटर प्रति सेकंड

Q33. चंद्रमा का प्रकाश पृथ्वी पर कितने समय में आता है?
Ans. 1.3 सेकंड मे।


Q34. धूमकेतु या पूच्छल तारा किसे कहते हैं?
Ans. सौरमंडल मे बहुत से छोटे छोटे पिंड हैं जिन्हें धूमकेतु या पूच्छल तारा कहते हैं।


Q35. सौरमंडल पिंडों को कितने वर्गों में बांटा गया है?
Ans. सौरमंडल पिंडों को तीन वर्गों मे बांटा गया है-
1. परंपरागत ग्रह,
2. बौने ग्रह
3. लघु सौरमंडलीय पिंड


Q36. परंपरागत ग्रह कौन से हैं?
Ans. परंपरागत ग्रह हैं-
बुध             शुक्र
पृथ्वी           मंगल
बृहस्पति      शनि
        यूरेनस          वरुण
Q37. सौरमंडल का सबसे बड़ा पिंड हैं।
Ans. सूर्य


Q38. सूर्य की अपने अक्ष पर गति की दिशा-
Ans. सूर्य अपने अक्ष पर पूरब से पश्चिम की और घूमता है।


Q39. पृथ्वी पर दिन और रात होने का कारण हैं।
Ans. पृथ्वी का अपनी अक्ष पर घूमना


Q40. पृथ्वी पर ऋतुओं का बदलना किस कारण होता हैं?
Ans. पृथ्वी द्वारा सूर्य का परिक्रमण करने के कारण।



ये प्रश्नोत्तर आपको कैसे लगे कमेट्स करके बता सकते हैं ऐसे ही महत्वपूर्ण जानकारी या प्रश्नोत्तर के लिए आप इस साइट को अपना ईमेल आईडी डालकर Subscribe भी कर सकते हैं।
धन्यवाद


Related Posts:




Read More
Damodar nadi question and answer, दामोदर नदी से जुडी जानकारी
दामोदर नदी से जुडे प्रश्न



दामोदर नदी से जुडी महत्वपूर्ण जानकारी:

भारत की प्रमुख नदियों में से एक दामोदर नदी भी हैं। दामोदर नदी से जुडे प्रश्न बहुत सी परीक्षाओं में पूछे जाते हैं। दामोदर नदी से जुडे किसी अन्य प्रश्न को भी आप हमें कमेट्स करके पूछ सकते हैं।


Q1. दामोदर नदी का उद्गम स्थल क्या है?

Ans. दामोदर नदी का उद्गम स्थल झारखंड के छोटा नागपुर की पहाडियां हैं। दामोदर नदी झारखंड से पश्चिम बंगाल तक बहती है। दामोदर नदी हुगली नदी की सहायक नदी हैं।


Q2.दामोदर नदी का दूसरा नाम क्या है?

Ans. दामोदर नदी का दूसरा नाम  बंगाल का शोक (Sorrow Of Bangal) हैं। इसे झारखंड में देवनद के नाम से भी जाना जाता हैं।


Q3. दामोदर नदी को शोक नदी क्यों कहा जाता है?

Ans. दामोदर नदी के कारण पहले भयानक बाढ़ आ जाती थी जिसके कारण इसका नाम बंगाल का शोक या बंगाल का अभिशाप पडा़


Q4.  दामोदर नदी कहाँ पर है?

Ans. दामोदर नदी बंगाल और झारखंड मे स्थित हैं। इसका लगभग आधा हिस्सा पश्चिम बंगाल में है और आधा हिस्सा झारखंड राज्य में है।


Q5. दामोदर नदी की सहायक नदी कौन सी है?

Ans. दामोदर नदी की प्रमुख सहायक नदियां कोनार, बोकारो, व बराकार हैं।


Q6. दामोदर नदी की लंबाई कितनी है?

Ans. दामोदर नदी की लम्बाई लगभग  592 किलोमीटर (368 मील) हैं


Q7. पंचेत बाध किस नदी पर बनाया गया हैं?

Answer. दामोदर नदी पर पंचेत बांध बनाया गया है। जो झारखंड के धनबाद जिले में स्थित है। इसका निर्माण 1959 मे हुआ था। यह कोलकाता से 220 किलोमीटर दूर है।


Q8. दामोदर वैली कारपोरेशन क्या है?

Answer. दामोदर वैली कारपोरेशन (डीवीसी) दामोदर घाटी निगम का गठन 6 जुलाई 1948 मे हुआ। यह भारत सरकार की पहली बहुउद्देश्यीय नदी घाटी परियोजना हैं। जिसका मुख्य  उद्देश्य है- दामोदर नदी  की बाढ़ नियंत्रण, व जल संसाधन, पर्यावरण संरक्षण, विद्दुत उत्पादन करना, दामोदर नदी के क्षैत्र मे रहने वाले निवासियों का सामाजिक और आर्थिक कल्याण करना आदि।


Q9. दामोदर घाटी परियोजना किन राज्यों में है?

Ans. दामोदर घाटी परियोजना दामोदर नदी क्षैत्र पश्चिम बंगाल और झारखंड राज्यो मे हैं।


Q10. दामोदर घाटी परियोजना के अन्तर्गत कौन से मुख्य बांध हैं?

Ans. 1.  मैथन बांध
2. तेलैया बांध
3. पंचेत बांध
4. बोकारो बांध
5. कोनार बांध

आपको ये प्रश्न और उत्तर कैसे लगे हमें कमेट्स करके बताए साथ ही यदि आप किसी अन्य प्रश्न के जवाब चाहते हैं तो उन्हें भी हम तक जरूर पहुचाए।
धन्यवाद!!
Read More
इस पोस्ट में आपको हिंदी के दस कठिन शब्द और उनका अर्थ जानने को मिलेगा जिन्हें आपने बहुत कम सुना होगा या हो सकता है आपने इन्हें कभी सुना भी ना हो। इस पोस्ट को पढ़कर आप ना सिर्फ इन कठिन शब्दों का मतलब जानेगे बल्कि आप इन शब्दों का अपनी आम भाषा में इस्तेमाल भी कर सकेंगे। 

Hindi Ke Kathin Shabd Aur Inka Matlab


हिंदी के दस कठिन शब्द और उनका मतलब


मज़मून : एक अरबी भाषा का शब्द है जिसका प्रयोग हिंदी में भी किया जाता हैं मज़मून का अर्थ होता हैं लेख, विषय, आर्टिकल आदि। जैसे कोई खत किसी विषय पर लिखा गया है तो वह विषय ही मज़मून कहलाता है।
शायराना अंदाज में आप कह सकते हैं कि हम तो वो शक्सियत हैं जो लिफाफा देखकर ही खत का मज़मून समझ लेते हैं।




पत्री: पत्री शब्द को आपने जन्म पत्री बोलते हुए सुना होगा मगर मैं जन्म पत्री वाली पत्री की बात नहीं कर रहा हूँ। मै आपको पत्री का एक और मतलब बताता हूँ। पत्री शब्द का इस्तेमाल हम ब्लेड के लिए भी करते हैं। मैने कई बार सुना है अपने आस पास के लोगों से जब वो ऊस्तरा मे प्रयोग होने वाली ब्लेड को पत्री कहते हैं। तो आज आप जान गये होगें कि पत्री का मतलब क्या होता हैं।




खंजाची: खंजाची शब्द को आपने कभी प्रयोग तो नही किया होगा मगर हा आपने इस शब्द को बैकों मे लिखा जरूर देखा होगा। खंजाची शब्द का मतलब होता हैं जिसके पास खजाना हो। बैकों मे इसका मतलब होता हैं कि इसके पास ही पैसे हैं आप पैसों की लेनदेन यहां करें।



किंकर्तव्यविमूढ़: इसका मतलब होता हैं असमंजस या कही और भटक जाना, या ऐसी स्थिति जहां कुछ समझ मे नहीं आता कि क्या किया जाये या क्या ना किया जाये।



अमूमन: अमूमन शब्द को हम आम तौर पर कई बार इस्तेमाल तो करते हैं मगर हम इसके मतलब पर कोई ज्यादा ध्यान नहीं देते। इसका मतलब मैने अभी अभी प्रयोग किया है। अमूमन का मतलब हैं आम तौर पर, अक्सर या साधारण रूप से।
अमूमन छोटे बच्चे बहुत भोले होते हैं



ताहम: ताहम शब्द हिंदी मे बहुत कम इस्तेमाल होने वाला शब्द हैं ताहम का मलतब होता हैं- फिर भी, तब भी।
भले ही तुमने मुझे धोखा दिया ताहम मैं तुमसें नफरत नहीं करता हूँ



नैसर्गिक: नैसर्गिक शब्द का मतलब होता हैं प्राकृतिक, स्वभाविक या सामान्यतः।
जैसे आप कह सकते हैं कि फूलों से खुशबू आना एक नैसर्गिक क्रिया हैं



अप्रतिदेय: अप्रतिदेय को हम बहुत कम प्रयोग करते हैं इसका मतलब होता हैं।
जिसे वापस ना लिया जा सके। या जो सदा के लिए ले दिया गया हो।
जैसे वरदान एक तरह से अप्रतिदेय हैं।



अक्षुण्ण - अक्षुण्ण का प्रयोग हिंदी में बहुत कम होता हैं मगर हमें इसका मतलब जरूर पता होना चाहिए। अक्षुण्ण का मतलब हैं। अटूट, अखंड, जिसको तोडा ना जा सके या जो सदा के लिए बना रहे।




अन्यमनस्क: जब किसी व्यक्ति का काम करते समय अपने काम को छोडकर कही और मन लगा हो तो ऐसी स्थिति मे उस व्यक्ति को अन्यमनस्क कहते है। इसका मतलब होता है जिसका मन कही और लगा हो


दोस्तों आपको ये हिंदी के कुछ कठिन शब्दों को जानकर कैसा लगा। यदि आपको इन शब्दों के बारे मे जानकर अच्छा लगा है तो आप हमें कमेट्स करके जरूर बताते साथ ही आप हमारे Facebook Page को Follow करें।
धन्यवाद!!
Read More

हर सफल बिजनेसमैन मे ये गुण जरूर होते हैं यदि आपका सवाल भी ये हैं कि सफल बिजनेसमैन कैसे बनें तो आपको यै पोस्ट पूरी पढ़नी ही होगी। जानिए कि हर सफल बिजनेसमैन मे ये आदतें होती हैं। जिनके कारण ही वह एक सफल बिजनेसमैन बनता हैं। ये पोस्ट आपके लिए बहुत फायदेमंद साबित हो सकती हैं। यदि आपके अंदर भी कुछ कर गुजरने की इच्छा है तो इन बताई गई बातों को ध्यानपूर्वक पढ़े और अपने जीवन में ऊतारे।

सफल बिजनेसमैन के गुण | बिजनेस मे सफलता के ऊपाय






जोखिम लेने से ना डरे: कहते हैं कि कुछ पाने के लिए कुछ खोना पडता हैं। और बिजनेस एक ऐसा क्षैत्र हैं जहां आप बिना किये असफलता के अलावा कुछ नहीं मिलेगा इसलिए ये बात अपने दिमाग में बिठा लो कि अगर हमें अपने बिजनेस मे सफल होना है तो उसके लिए जोखिम तो लेने ही होगें। लेकिन ऐसा भी नहीं हैं कि आप बिजनेस में नये हैं और आप बडे बडे जोखिम लेने लग जाये। आपको पहले छोटे जोखिम लेने चाहिए मतलब जिसमें यदि सफल भी ना हो तो उसमें कुछ ज्यादा नुकसान भी ना हो। एक बार जब आप उस क्षैत्र के बारे मे कुछ जानकारी इकट्ठा कर ले तो फिर आप चाहे बडे जोखिम या रिस्क ले सकते हैं।

असफलता के डर को दूर रखें: बहुत से लोग बिजनेस में आगे तो बढना चाहते हैं मगर उनके मन मे अनेकों डर भरे रहते हैं जैसे मैं इस बिजनेस मे सफल होगा कि नहीं कही मुझे भारी नुकसान तो ना उठाना पडें। या फिर असफलता के बाद लोग क्या कहेगें। ऐसे विचारों को अपने आप से दूर रखें और खुद को असफलता के डर से बाहर निकाले ऐसा एक सफल बिजनेसमैन के लि बेहद जरूरी हैं।

पैसों के इस्तेमाल को समझे: बहुत से लोग अपने बिजनेस में ऐसी जगह ज्यादा पैसा इन्वेस्ट कर देते हैं जहां से मुनाफा कम होता हैं। आपको अपने शुरुआती दिनों में ऐसे अपना पैसा लगाना है जहां से जल्दी रिटर्न आने की संभावना है आपको इस क्षैत्र मे खुद ही विशलेषण करना होगा कि आप कहा ज्यादा पैसा लगाना है और कहां कम। इस बात को समझने के लिए हम एक उदाहरण लेते हैं मानकर चलिए आपने एक किराना दुकान का बिजनेस किया है और आप इस क्षैत्र मे बिल्कुल नये हैं। आपने अपनी दुकान में सभी सामान थोडा थोडा रखा हैं। मानकर चलिए कि अब दिसंबर का महीना चल रहा है और आप अपनी दुकान मै कोल्ड ड्रिंक्स का ज्यादा स्टोर कर रहे हैं तो ऐसा करना एक बिजनेस के लिए अच्छा नहीं है। क्योंकि अब और आने वाले दो तीन महीनों मे सर्दी होगी और ऐसे में कोल्ड ड्रिंक्स की बिक्री बहुत कम होगी तो यहां पैसा लगाने का मतलब अपने पैसे का गलत जगह इस्तेमाल करने जैसा है।

अपने कंफर्ट जोन से बाहर आये: ऐसा देखा गया है कि जो इंसान अपने कंफर्ट जोन मे रहते बिजनेस करता है वो एक अपने बिजनेस में सामान्य गति ही प्रदान कर पाते है। मगर जो लोग अपने कंफर्ट जोन से बाहर निकल जाते हैं वो ही लोग अपने बिजनेस में नई ऊचाइयों को छूतें हैं। ऐसा इसलिए भी है कि जब हम अपने कंफर्ट जोन मे रहते हैं तो हमें कुछ नया करने का मौका नहीं मिलता या कहें कि हम कुछ नया करना ही नहीं चाहते। लेकिन जब हम अपने कंफर्ट जोन से बाहर होते हैं तो हमें कुछ नया करने की जरूरत होती हैं जिसके चलते हम बहुत कुछ नया करने लगते हैं और बिजनेस का ये एक नियम हैं कि अगर आगे बढना है तो आपको कुछ नया करना ही पडेगा। अपने कंफर्ट जोन से बाहर निकलकर ही हम असलियत से परिचित होते हैं।

नियमित रहना हैं जरूरी : हर कोई सोचता है कि अगर खुद का बिजनेस है तो वह अपने मालिक खुद हैं और जब चाहे काम करें और जब मन ना हो तो काम ना करें मगर ऐसा करना एक बिजनेसमैन के लिए सही नहीं है। अपना बिजनेस हमें Boss के Pressure से तो बचा लेता है मगर इसके अलावा अपने बिजनेस को सफल बनाने के लिए अनेकों बलिदान देने होते हैं। आप आपको अपने ऐसे शोक को त्यागना होगा जो आपके बिजनेस मे आगे बढने से रोकते हैं। इसके लिए आप एक नियम बनाइये कि मुझे इन कामों से दूर रहना है ये मेरे बिजनेस के लिए सही नहीं है। ऐसा करने से आप जरूर आगे बढेंगें।

सही सलाकार चुनें: वैसे तो हर कोई इंसान अपने आप को सर्व बुद्धिमान समझता हैं मगर ऐसा नहीं है कि आप हर क्षैत्र मे सबसे ज्यादा बुद्धिमान हैं। बिजनेस में ज्यादातर लोग खुद की या अपने परिवार की सलाह पर ही अपने बिजनेस को दिशा देते हैं मगर हमें ये जरूर मानना होगा कि जो इंसान इस क्षैत्र मे काफी दिनों से है उसकी बराबर हमें इस क्षैत्र मे जानकारी नही हैं ऐसे में यदि उस अनुभवी आदमी से सलाह लेगें तो जरूर आपको फायदा होगा। इसलिए अपने लिए अच्छा सलाहकार चुनना बहुत जरूरी होता हैं।

गंभीर व्यकतित्व बनाये: एक सफल बिजनेसमैन को जब देखोगे तो वह अपने बिजनेस के हर पहलू को बहुत गंभीरता से लेता है वो कही भी कोई चुक करना नहीं चाहता। ऐसा इसलिए भी जरूरी है क्योंकि बिजनेस में पता नहीं कहाँ छोटी सी चुक बहुत बडा नुकसान का कारण बन जाये। इसलिए अटने बिजनेस के प्रति गंभीर रहे। और हर छोटी से छोटी चीजों का विश्लेषण करने के बाद ही कोई नया कदम ऊठाये।

गलतियों से दूर ना भागें: यदि आप अपने बिजनेस मे सफल नही हो पा रहे हैं तो आपको ये बात जानना बेहद जरूरी है कि आपने कहाँ गलतियां की हैं। क्योंकि कुछ ना कुछ तो गलतियां रही होगी जिसके कारण आप सफल नही हो पा रहे हैं। ऐसे में अपनी को ढूंढें और गलतियों को स्वीकार करें व उन्हें सही करने का प्रयास करें। यदि आप आज अपनी गलती को गंभीरता से नही लेगें तो कल आप और बडी गलती कर बैठेंगे। इसलिए अपनी गलतियों को समझे और इनसे दूर ना भागें क्योंकि हर किसी इंसान से गलतियां होती हैं। मगर असली गलती वो होती हैं जो गलतियों से कुछ ना सीखे।

समय को महत्व दे: बिजनेस में पैसों का महत्व जरूर होता है मगर यदि आप सिर्फ ये समझ रहे हैं कि पैसा ही सबकुछ हैं तो आप बिल्कुल गलत सोच रहे हैं आपको पैसों के साथ साथ समय को भी महत्व देना होगा। ऐसा देखा गया है कि जो लोग अपने बिजनेस में समय नही दे पाते वो कभी सफल नही होते हैं इसलिए अपने बिजनेस में समय को सबसे पहले रखिए।

सीखने मे रूचि बनाये: हर सफल बिजनेसमैन मे ये खुबी जरूर होती हैं वह हमेशा कुछ न कुछ नया सीखता रहता है। ऐसा करने से ही उनके मन मे नये आईडिया आते हैं। अगर आपको भी अपने बिजनेस मे कुछ अच्छा करना है तो आपको हमेशा सीखने की आदत डालनी होगी।

तो ये थे सफल बिजनेसमैन के गुण जो हर बिजनेसमैन मे होने चाहिए अगर आप भी अपने बिजनेस मे सफल होना चाहते हैं तो आपको भी इन बातों को अपनाना होगा। इस पोस्ट में बताई गई बातें आपको कैसी लगी हमें कमेट्स करके जरूर बताए।
धन्यवाद!!

इन्हें भी पढ़ें:



Read More